उत्तर प्रदेश में किसानों को सरकारी योजनाओं का सीधा और पारदर्शी लाभ देने के लिए Farmer ID UP (किसान आईडी) की शुरुआत की गई है। यह एक यूनिक पहचान संख्या होती है, जिसके जरिए किसान PM-Kisan, फसल बीमा, बीज-खाद सब्सिडी और अन्य कृषि लाभ सीधे अपने बैंक खाते में प्राप्त कर सकते हैं। बहुत से किसानों को अभी भी यह जानकारी नहीं है कि Farmer ID क्या होती है, इसे कैसे बनवाएं और कैसे चेक करें।
इस ब्लॉग में हम आपको सरल भाषा में बताएंगे कि Farmer ID UP क्या है, इसके क्या फायदे हैं और इसे ऑनलाइन या ऑफलाइन कैसे प्राप्त किया जा सकता है।
Farmer ID UP क्या होता है?
Farmer ID UP उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को दी जाने वाली एक यूनिक पहचान संख्या है। इसका उपयोग PM-Kisan, फसल बीमा और कृषि सब्सिडी जैसी योजनाओं का लाभ लेने के लिए किया जाता है। इस आईडी से किसान की जमीन, आधार और बैंक खाता आपस में जुड़ जाता है, जिससे लाभ सीधे खाते में मिलता है।
Farmer ID क्यों जरूरी है? किसानों के लिए बड़े फायदे जानिए
- PM-Kisan, फसल बीमा, सब्सिडी, बीज/खाद अनुदान
- सरकारी रिकॉर्ड में किसान की पहचान
- DBT (Direct Benefit Transfer) से पैसा सीधे खाते में
UP Farmer ID बनवाने की स्टेप-बाय-स्टेप गाइड
- उत्तरप्रदेश में फार्मर आईडी बनवाने के लिये अधिकृत upfr.agristack.gov.in पोर्टल पर जाये बादमे Create New User Account इस बटन पर क्लिक करे अगर आपने पहले ही account बनवाया हो तो सीधा लॉगिन करे।

- फार्मर आईडी रजिस्ट्रेशन के लिये अपनी १२ अंको की आधार संख्या दर्ज करे फिर Disclaimer को टिक मार्क करके Submit करे. आपके आधार रजिस्टर्ड मोबाइल पर एक OTP आयेगा उसे दर्ज करके Verify करे।

- आपके आधार की सम्पूर्ण जानकारी आपका फार्मर आईडी बनवाने में इस्तेमाल होगी अब अपना मोबाइल नंबर दर्ज करके Verify करे बादमे पासवर्ड सेट करके Create My Account बटन पर क्लिक करे। बादमे Registration Successfull का मैसेज आयेगा।

- पोर्टल पर Login as Farmer चुनकर User ID या फिर अपना रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर, पासवर्ड और कॅप्टचा दर्ज करके Log In बटन पर क्लिक करे।

- लॉगिन करने के बाद अपनी जानकारी की जांच करे और Register as Farmer बटन पर क्लिक करे।

- किसान को अपनी व्यक्तिगत जानकारी जैसे नाम, पिता/पति का नाम, जिला, तहसील, ब्लॉक और गाँव का विवरण सही-सही भरना होता है ताकि सरकारी रिकॉर्ड से मिलान हो सके।
- इसके बाद भूमि विवरण भरना होता है, जिसमें खसरा/गाटा संख्या, भूमि का प्रकार और क्षेत्रफल शामिल होता है; यह चरण जरूरी है क्योंकि योजनाओं का लाभ जमीन के रिकॉर्ड पर ही आधारित होता है।
- अगले चरण में किसान को अपना बैंक खाता विवरण जैसे बैंक का नाम, खाता संख्या और IFSC कोड दर्ज करना होता है, ताकि सभी सरकारी सहायता और सब्सिडी सीधे खाते में भेजी जा सके।
- सभी जानकारी भरने के बाद किसान फॉर्म को ध्यान से जांचकर Submit करता है, जिसके बाद एक आवेदन संख्या मिलती है और कृषि विभाग द्वारा सत्यापन पूरा होते ही Farmer ID UP जारी कर दी जाती है।
अपना Enrollment Status कैसे पता करें?
- Farmer ID UP का Enrollment Status चेक करने के लिए Farmer ID UP पोर्टल पर जाये, जहाँ Check Enrollment Status यह विकल्प चुने। बादमे Aadhaar Number, Enrollment ID या फिर Farmer ID दर्ज करके Check बटन पर क्लिक करे।
- बादमे स्क्रीनपर आवेदन की वर्तमान स्थिति दिखाई देती है, जैसे Under Verification, Approved या Rejected।

Farmer ID UP (किसान आईडी) उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए एक बेहद जरूरी पहचान है, जिसके बिना कई सरकारी योजनाओं का लाभ मिलना मुश्किल हो सकता है। यह आईडी न केवल किसानों की सही पहचान सुनिश्चित करती है, बल्कि PM-Kisan, फसल बीमा, सब्सिडी और DBT लाभ को सीधे और पारदर्शी तरीके से उनके बैंक खाते तक पहुंचाती है।
यदि आपने अभी तक अपनी Farmer ID नहीं बनवाई है, तो जल्द से जल्द ऑनलाइन पोर्टल या नजदीकी कृषि विभाग/CSC सेंटर के माध्यम से पंजीकरण करवा लें। समय पर Farmer ID बनवाकर आप सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ उठा सकते हैं और अपनी खेती को अधिक सुरक्षित व लाभकारी बना सकते हैं।
Hello, मेरा नाम Manoj है में पिछले 8 वर्षों से डिजिटल कंटेंट लेखन के क्षेत्र में कार्यरत हु। में विशेष रूप से भूमि रिकॉर्ड, भूलेख सेवाएं, खतौनी, गाटा विवरण, रजिस्ट्री प्रक्रिया और सरकारी ऑनलाइन पोर्टल से जुड़ी जानकारी को सरल भाषा में समझाता हूँ।